अवैध हथियार तस्करी मामले में पलवल पुलिस की बड़ी सफलता
पलवल पुलिस को अवैध हथियार तस्करी के खिलाफ चलाए गए अपने सख्त अभियान में एक बड़ी और ऐतिहासिक सफलता हाथ लगी है। वर्ष 2022 में अंतरराज्यीय स्तर पर अवैध हथियारों की सप्लाई करने वाले गिरोह के खिलाफ की गई कार्रवाई अब न्यायिक निष्कर्ष तक पहुंच गई है। माननीय अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश डॉ. तैय्यब हुसैन की अदालत ने इस गंभीर मामले में दो दोषियों को 10 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है, साथ ही प्रत्येक पर ₹5,000 का जुर्माना भी लगाया गया है।
इस मामले में पलवल पुलिस द्वारा जुटाए गए ठोस साक्ष्य और मजबूत पैरवी ने अहम भूमिका निभाई। दोषियों की पहचान मध्यप्रदेश के जिला बड़वानी के सेंधवा निवासी किलोर सिंह और जाम सिंह के रूप में हुई है। पुलिस जांच में सामने आया कि ये आरोपी लंबे समय से हरियाणा, दिल्ली, उत्तर प्रदेश, पंजाब और राजस्थान सहित कई राज्यों में अवैध हथियारों की सप्लाई कर रहे थे।
10 जुलाई 2022 को तत्कालीन पुलिस अधीक्षक श्री राजेश दुग्गल आईपीएस के निर्देशन में सीआईए सेल होडल की टीम ने विश्वसनीय सूचना के आधार पर डबचिक मोड़ पर नाकाबंदी कर इस गिरोह का भंडाफोड़ किया था। इस कार्रवाई में 35 पिस्टल, 6 देसी कट्टे सहित कुल 41 अवैध हथियार और 11 मैगजीन बरामद की गई थीं।
जांच के दौरान यह भी खुलासा हुआ कि आरोपियों ने मध्यप्रदेश के बड़वानी जिले में अवैध हथियार बनाने की फैक्ट्री स्थापित कर रखी थी। पलवल पुलिस ने वहां छापा मारकर हथियार निर्माण में इस्तेमाल होने वाले बड़े पैमाने पर औजार भी बरामद किए थे। यह फैसला न केवल पलवल पुलिस की कार्यकुशलता को दर्शाता है, बल्कि अवैध हथियार कारोबारियों के लिए एक कड़ा संदेश भी है।