सोनीपत नगर निगम मतदाता सूची 2026 पर अधिकारियों की समीक्षा बैठक
सोनीपत नगर निगम मतदाता सूची 2026 को लेकर प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। राज्य निर्वाचन आयोग के कार्यक्रम के अनुसार 28 फरवरी को वार्डवार प्रारूप मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी। इसके साथ ही दावे और आपत्तियां दर्ज कराने की प्रक्रिया भी शुरू होगी।
नगर निगम आयुक्त हर्षित कुमार ने स्पष्ट किया है कि इस बार सूची तैयार करने में पारदर्शिता और शुद्धता सर्वोच्च प्राथमिकता होगी। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि किसी भी पात्र मतदाता का नाम छूटना नहीं चाहिए और अपात्र व्यक्ति सूची में शामिल न हो।
सोनीपत नगर निगम मतदाता सूची 2026 की तैयारी
नगर निगम चुनाव 2026 को ध्यान में रखते हुए विधानसभा क्षेत्रों के मतदाताओं को संबंधित वार्डों में विभाजित करने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है। 27 फरवरी तक वार्डवार वितरण का कार्य पूरा कर लिया जाएगा, जिसके बाद 28 फरवरी को प्रारूप सूची सार्वजनिक की जाएगी।
प्रशासन का मानना है कि एक सटीक और अद्यतन मतदाता सूची ही निष्पक्ष चुनाव की आधारशिला है। इसी उद्देश्य से घर-घर सत्यापन और दस्तावेजों की जांच पर विशेष जोर दिया जा रहा है।
बीएलएमएस सॉफ्टवेयर से डाटा समायोजन
राज्य निर्वाचन आयोग से प्राप्त नवीनतम डाटा के आधार पर सूची तैयार की जा रही है। 5 फरवरी तक उपलब्ध रिकॉर्ड और बीएलएमएस सॉफ्टवेयर में दर्ज अद्यतन जानकारी को समाहित किया जाएगा।
इस प्रक्रिया के तहत जिन मतदाताओं का निधन हो चुका है, उनकी प्रविष्टि हटाने, स्थानांतरण या नए पंजीकरण को शामिल करने की व्यवस्था की गई है। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि किसी नाम को हटाने से पहले नियमानुसार परिजनों को सूचना दी जाए और आवश्यक दस्तावेज प्राप्त किए जाएं।
प्रशिक्षण और समयबद्ध कार्यक्रम
राज्य निर्वाचन आयोग के सचिव द्वारा संबंधित अधिकारियों को प्रारूप सूची तैयार करने की प्रक्रिया पर प्रशिक्षण दिया गया। इसमें डाटा सत्यापन, सॉफ्टवेयर उपयोग और आपत्तियों के निपटान की विधि पर विस्तार से जानकारी दी गई।
निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार 7 मार्च तक नागरिक दावे और आपत्तियां दर्ज करा सकेंगे। 12 मार्च तक संशोधन प्राधिकारी इनका निपटारा करेंगे। यदि कोई व्यक्ति निर्णय से असंतुष्ट है तो 16 मार्च तक उपायुक्त के समक्ष अपील कर सकता है, जिसका अंतिम निपटान 19 मार्च तक किया जाएगा। सभी प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद 27 मार्च को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित होगी।
पारदर्शिता पर विशेष जोर
निगमायुक्त ने स्पष्ट किया है कि मतदाता सूची तैयार करने में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया की मजबूती के लिए मतदाता सूची का शुद्ध और निष्पक्ष होना अत्यंत आवश्यक है।
प्रशासन ने यह भी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है कि हर वार्ड में सूची का प्रकाशन स्पष्ट रूप से हो, ताकि नागरिक समय रहते अपनी प्रविष्टि की जांच कर सकें।
नागरिकों के लिए क्या है महत्वपूर्ण
मतदाताओं के लिए यह समय अपनी प्रविष्टि की पुष्टि करने का है। यदि नाम, पता या अन्य विवरण में त्रुटि हो तो निर्धारित अवधि में दावा प्रस्तुत करना आवश्यक होगा।
विशेषज्ञों के अनुसार, शहरी क्षेत्रों में तेजी से बदलती जनसंख्या और आवासीय स्थानांतरण के कारण सूची अद्यतन करना चुनौतीपूर्ण होता है। ऐसे में प्रशासन और नागरिकों के सहयोग से ही त्रुटिहीन सूची संभव है।
निष्कर्षतः, सोनीपत नगर निगम मतदाता सूची 2026 केवल प्रशासनिक औपचारिकता नहीं, बल्कि लोकतांत्रिक ढांचे की मजबूती का आधार है। इसकी शुद्धता और पारदर्शिता ही निष्पक्ष चुनाव की गारंटी बनेगी।